रिपोर्टर रामसिंह मीणा रघुनाथपुरा।
बड़ी सादड़ी योग केवल व्यायाम का एक तरीका नहीं है, बल्कि यह जीवन का एक पूर्ण दर्शन है. यह शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देता है और हमें तनाव, चिंता और डिप्रेशन से मुक्ति दिलाता है. योग आत्म-जागरूकता और आत्म-अनुशासन को बढ़ावा देता है और हमें जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण प्रदान करता है। यह विचार अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में कृषि विज्ञान केंद्र चित्तौड़गढ़ जिले के बड़ीसादड़ी उपखंड क्षेत्र के निकटवर्ती ग्राम पंचायत रति चंद जी का खेड़ा के स्थित सबलपुरा एवं किट खेड़ा गांव जन जातीय उपयोजना के अंतर्गत एक दिवसीय ग्रह वाटिका जागरूकता आधारित महिला किसान गोष्ठी पर योगाचार्य शम्भु लाल मेनारिया ने महिलाओं को योग की जानकारी देते हुए व्यक्त किए। योगाचार्य मेनारिया ने महिलाओं को शरीर से जुड़े विभिन्न रोगों के बारे में बताते हुए कहा की योग मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद है। नियमित योग से मन शांत, दिमाग स्थिर और कई रोगों से शरीर का बचाव होता है।
योगाचार्य ने कहा की आज पूरा विश्व एक साथ योग दिवस मना रहा है,।अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2024 की थीम है स्वयं और समाज के लिए योग।” यह थीम योग अभ्यास के दोहरे लाभों पर जोर देती है – व्यक्तिगत कल्याण को बढ़ाना और अधिक सकारात्मक और सामंजस्यपूर्ण समाज को बढ़ावा देना। मेनारिया ने महिलाओं को योग का अभ्यास करवाते हुए कहा की अगर घर की महिला स्वस्थ है तो वह पूरे परिवार का अच्छे से ख्याल रख पाती है। योगाचार्य ने महिलाओं को विभिन्न बीमारियों को ठीक करने के लिए विशेष यौगिक आसनों का एवम प्राणायाम का अभ्यास करवाया और चाय एवम फास्ट फूड से दूर रहने और नियमित रूप से योगाभ्यास करने की सलाह दी। इस दौरान कार्यक्रम में केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवम अध्यक्ष डॉ. रतन लाल सोलंकी, ,दीपा इंदौरिया सहायक संजय कुमार धाकड़ रघुनाथपुरा गांव राम सिंह मीणा ,रति चंद जी का खेड़ा गांव मनोहर सिंह मीणा , प्रहलाद मेनारिया महुडा सहित कई गणमान्य मौजूद रहे।













